Back to Languages

Hindi - Chapter 5 - Al-Maidah

Translation by Maulana Azizul Haque Al Umari — Permalink

Verse 57 — Surah Al-Maidah 5:57

हे ईमान वालो! उन्हें जिन्होंने तुम्हारे धर्म को उपहास तथा खेल बना रखा है, उनमें से, जो तुमसे पहले पुस्तक दिये गये हैं तथा काफ़िरों को सहायक (मित्र) न बनाओ और अल्लाह से डरते रहो, यदि तुम वास्तव में ईमान वाले हो।