क्या तुमने समझ रखा है कि यूँ ही स्वर्ग में प्रवेश कर जाओगे, ह़ालाँकि अभी तक तुम्हारी वह दशा नहीं हुई, जो तुमसे पूर्व के ईमान वालों की हुई? उन्हें तंगियों तथा आपदाओं ने घेर लिया और वे झंझोड़ दिये गये, यहाँ तक कि रसूल और जो उसपर ईमान लाये, गुहारने लगे कि अल्लाह की सहायता कब आयेगी? (उस समय कहा गयाः)सुन लो! अल्लाह की सहायता समीप[1] है।