हे ईमान वालो! उस व्यक्ति के समान उपकार जताकर तथा दुःख देकर, अपने दानों को व्यर्थ न करो, जो लोगों को दिखाने के लिए दान करता है और अल्लाह तथा अन्तिम दिन (परलोक) पर ईमान नहीं रखता। उसका उदाहरण उस चटेल पत्थर जैसा है, जिसपर मिट्टी पड़ी हो और उसपर घोर वर्षा हो जाये और उस (पत्थर) को चटेल छोड़ दे। वे अपनी कमाई का कुछ भी न पा सकेंगे और अल्लाह काफ़िरों को सीधी डगर नहीं दिखाता।