हे ईमान वालो! उन स्वच्छ चीजों में से, जो तुमने कमाई हैं तथा उन चीज़ों में से, जो हमने तुम्हारे लिए धरती से उपजायी हैं, दान करो तथा उसमें से उस चीज़ को दान करने का निश्चय न करो, जिसे तुम स्वयं न ले सको, परन्तु ये कि अनदेखी कर जाओ तथा जान लो कि अल्लाह निःस्पृह, प्रशंसित है।